पुलिस पर मढ़ो हम तो साफ सुथरे खनिज विभाग अनूपपुर।
रिपोर्ट आदर्श दुबे📝
अनूपपुर खनिज विभाग का जो काम है उसको पुलिस के सिर में थोपना खनिज विभाग की आदत सी हो गयी है अक्सर बयान बाजी सामने आती है बिना बल के जान देने जाएं, तो एक प्रश्न और उठता है कि जब जब खनिज माफियाओं के बयान सामने आए तब,तब आपकी भूमिका संदिग्ध क्यों रही।
बात करते हैं अनूपपुर की जहां खुद पुलिस अधीक्षक को जाकर मौके पर कई अवैध रेत परिवहन एवं उत्खनन कर रहे गाड़ियों को पकड़ना पड़ा , और आज भी कुछ चंद राजनैतिक प्रहरिओं के संरक्षण में ट्रेक्टर से मड़िया मंदिर रोड हररी मार्ग में तिपान पुलिया के नीचे बदस्तूर खनन जारी है कैसे माने की खनिज विभाग को यह जानकारी नहीं कैसे माने की जिनकी बीट है वो जानते नहीं
लठैत, लगे रहते हैं रास्ते में,
बाकायदा सर्चिंग कर यह काम जारी है आज दिनांक 6 सितंबर को रात 9 बजे 2 गाड़ियां ट्रेक्टर भर कर रेत निकलीं जबकि सारी खदान ओर रॉयल्टी प्रदेश सरकार ने बंद कर दीं। बाकायदा पूरी गली में माफियाओं ने जमावड़ा बनाया है हर निकलने बालों पर नजर रखते हैं , नाम भी कोई नए नहीं है ये पुराने घाख है जिन्हें ,रसूखदारों का संरक्षण प्राप्त है।
रिपोर्ट आदर्श दुबे📝
अनूपपुर खनिज विभाग का जो काम है उसको पुलिस के सिर में थोपना खनिज विभाग की आदत सी हो गयी है अक्सर बयान बाजी सामने आती है बिना बल के जान देने जाएं, तो एक प्रश्न और उठता है कि जब जब खनिज माफियाओं के बयान सामने आए तब,तब आपकी भूमिका संदिग्ध क्यों रही।
बात करते हैं अनूपपुर की जहां खुद पुलिस अधीक्षक को जाकर मौके पर कई अवैध रेत परिवहन एवं उत्खनन कर रहे गाड़ियों को पकड़ना पड़ा , और आज भी कुछ चंद राजनैतिक प्रहरिओं के संरक्षण में ट्रेक्टर से मड़िया मंदिर रोड हररी मार्ग में तिपान पुलिया के नीचे बदस्तूर खनन जारी है कैसे माने की खनिज विभाग को यह जानकारी नहीं कैसे माने की जिनकी बीट है वो जानते नहीं
लठैत, लगे रहते हैं रास्ते में,
बाकायदा सर्चिंग कर यह काम जारी है आज दिनांक 6 सितंबर को रात 9 बजे 2 गाड़ियां ट्रेक्टर भर कर रेत निकलीं जबकि सारी खदान ओर रॉयल्टी प्रदेश सरकार ने बंद कर दीं। बाकायदा पूरी गली में माफियाओं ने जमावड़ा बनाया है हर निकलने बालों पर नजर रखते हैं , नाम भी कोई नए नहीं है ये पुराने घाख है जिन्हें ,रसूखदारों का संरक्षण प्राप्त है।
अब सवाल यहाँ ये उठता है कि एरिया प्रभारी खनिज निरीक्षक जिम्मेदारी कितनी निभा रहे या संरक्षण दे रहे। या फिर वही तोता बोली बल नहीं है।आदर्श दुबे संवाददाता ,न्यूज़ नेसन

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